कर नेकी आ काम इंसान के

रगड़ रगड़ के साबुन से चाहो धोओ चेहरा

या लगाओ पाऊडर लोशन का लेप सुहाना

पहनकर ऊँचे रेशमी कपडे

उसपर मार अत्तर का फव्वारा

लगे बड़ा प्यारा बड़ा न्यारा

ये तो है नकाब दिखावटी

अंदर का मैल तो अंदर है बाकी

 

ऐ खुदा के बंदे

तू चाहे कितना भी खुद को छुपाले

पर ये याद रख ले

तेरी हर करतूदोंपर है खुदा की नजरे

एक दिन तो जाना है खुदा के दर

उतार कीमती चोले, नंगे पैर

तो क्यों इतराता है इतना खुद पे

वक़्त अभी भी है संभल प्यारे

कर नेकी आ काम इंसान के

देगा झोली भरभर कर तेरी

रख इतना भरोसा उसपर

गर नही संभला अभी भी तू

खुदा कसम, जहन्नुम को भी तरसेगा तू